"सुक्खू का मंडी में पूर्व भाजपा सरकार पर हमला: भ्रष्टाचारियों को सलाखों के पीछे भेजने की चेतावनी"
Sukhu attacks former BJP government in Mandi
मंडी। Sukhu attacks former BJP government in Mandi: मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू प्रतिपक्ष पर आक्रामक रहते आए हैं किंतु मंडी के नाचन विधानसभा क्षेत्र में शुक्रवार को उन्होंने पूर्व भाजपा सरकार के समय हुए भ्रष्टाचार के दोषियों को सलाखों के पीछे भेजने की चेतावनी दे दी।
उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार ने सरकारी खजाने को जमकर लूटा और चहेतों को उपकृत किया। दावा किया कि भाजपा सरकार के समय भ्रष्टाचार में संलिप्त लोगों की सूची तैयार कर ली गई है। दोषी जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे। नेरचौक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत करने के बाद दयारगी में जनसभा में मुख्यमंत्री ने कहा कि वह आम परिवार से निकलकर आए हैं।
जनता के आशीर्वाद से मुख्यमंत्री बने हैं। विरासत में 76,000 करोड़ रुपये का कर्ज और कर्मचारियों की 10,000 करोड़ रुपये की देनदारियां मिली। अगर भाजपा सरकार ने वित्तीय अनुशासन रखा होता तो प्रदेश कर्ज के बोझ तले नहीं दबता। आरोप लगाया कि नेरचौक मेडिकल कालेज में जानबूझकर एमआरआइ मशीन नहीं लगाई गई ताकि भाजपा नेताओं के दोस्तों के केंद्रों को लाभ हो सके।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व सरकार ने चुनाव जीतने के लिए अंतिम समय में 5,000 करोड़ रुपये बांटे और बिना बजट प्रविधान के संस्थान खोले। केंद्र पर आरोप लगाते हुए कहा कि यदि हमें 70,000 करोड़ रुपये की सहायता मिली होती तो आज हिमाचल पर कर्ज का पहाड़ नहीं होता। यदि राज्य को वन और पानी जैसे प्राकृतिक संसाधनों पर अधिकार मिलें तो प्रदेश को झोली फैलाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
आरोप लगाया कि नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर में दिल्ली जाकर प्रदेश के हक मांगने की हिम्मत नहीं है। भाजपा कार्यालय से उनके विरुद्ध दुष्प्रचार किया जा रहा है। आरडीजी हमारा हक है। केंद्र को इस पर पुनर्विचार करना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा के समय शिक्षा के स्तर में भारी गिरावट आई, लेकिन उनकी सरकार की तीन वर्ष की मेहनत से प्रदेश अब गुणवत्ता में पांचवें स्थान पर है।
अगले तीन माह में 3,000 शिक्षकों की भर्ती होगी। गुणवत्ता इतनी बढ़ाएंगे कि आने वाले समय में सरकारी स्कूलों में दाखिले के लिए सिफारिश लगवानी पड़े। मुख्यमंत्री ने कहा कि ओपीएस किसी भी हालत में बंद नहीं होगी। सरकार धीरे-धीरे कर्मचारियों का बकाया भी चुकाएगी। हर चुनौती का सामना युद्धस्तर पर किया जाएगा। चिट्टे के कारोबार से बनाई अवैध संपत्ति पर बुलडोजर चलाया जाएगा।